
जमशेदपुर: परसुडीह थाना क्षेत्र के किताडीह में एक बंद घर का ताला तोड़कर हुई लाखों की चोरी के मामले में जमशेदपुर पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस कांड में शामिल तीन शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए अपराधियों में से दो का पुराना आपराधिक इतिहास भी रहा है।
क्या था पूरा मामला?
बीती 8-9 जनवरी की दरम्यानी रात को अपराधियों ने किताडीह निवासी ओम प्रकाश नारायण के बंद घर को निशाना बनाया था। उस समय परिवार घर से बाहर था। अज्ञात चोरों ने मुख्य दरवाजे का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया और अलमारी में रखे 35 हजार रुपये नकद, कीमती जेवरात, लैपटॉप और मोबाइल सहित कई अन्य सामान पार कर दिए थे। पीड़ित द्वारा मामला दर्ज कराए जाने के बाद पुलिस की एक विशेष टीम जांच में जुटी थी।
इन अपराधियों की हुई गिरफ्तारी
सिटी एसपी कुमार शिवाशीष ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि तकनीकी साक्ष्यों और गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने छापेमारी कर विकास महतो,संजय कुमार और राजेश शर्मा को धर दबोचा।
पुरानी फाइलों में दर्ज हैं ‘विकास’ और ‘संजय’ के नाम
सिटी एसपी ने खुलासा किया कि गिरफ्त में आए अपराधियों में से संजय कुमार और विकास महतो पेशेवर अपराधी हैं। इन दोनों का पहले से ही आपराधिक रिकॉर्ड रहा है और पूर्व में भी ये शहर के विभिन्न थानों में चोरी और अन्य आपराधिक मामलों में जेल जा चुके हैं। राजेश शर्मा इनके साथ मिलकर वारदातों को अंजाम देने में सहयोग करता था।
क्या-क्या हुआ बरामद?
पुलिस ने अपराधियों की निशानदेही पर चोरी किए गए सामान का कुछ हिस्सा बरामद कर लिया है। बरामद वस्तुओं में नकद: 5,000 रुपये (चोरी के कुल कैश में से शेष), चोरी किए गए जेवरात, मोबाइल और लैपटॉप की बरामदगी के संबंध में पुलिस पूछताछ कर रही है।
पुलिस की आगे की कार्रवाई
सिटी एसपी ने बताया कि यह गिरोह शहर के बंद घरों की रेकी कर निशाना बनाता था। पुलिस अब इन अपराधियों से यह जानने की कोशिश कर रही है कि इन्होंने हाल के दिनों में शहर में और किन-किन जगहों पर वारदातों को अंजाम दिया है। इस गिरोह से जुड़े कुछ अन्य संदिग्धों की पहचान के प्रयास भी जारी हैं।
