
सरायकेला: सड़क सुरक्षा के प्रति आम जनमानस को जागरूक करने के उद्देश्य से शुक्रवार को जिला परिवहन विभाग द्वारा एक भव्य मैराथन दौड़ का आयोजन किया गया। इस दौड़ में सरायकेला के विभिन्न स्कूलों के सैकड़ों छात्र-छात्राओं ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया। मैराथन के जरिए युवाओं ने शहरवासियों को यातायात नियमों का पालन करने की अपील की।
डीसी और एसपी ने हरी झंडी दिखाकर किया रवाना
मैराथन की शुरुआत सरायकेला के इंडोर स्टेडियम से हुई, जिसे जिले के उपायुक्त नितीश कुमार सिंह और पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुणायत ने संयुक्त रूप से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। कार्यक्रम की खास बात यह रही कि बच्चों का हौसला बढ़ाने के लिए उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक खुद भी ट्रैक पर उनके साथ दौड़ते नजर आए।
3 किलोमीटर की दौड़, गूँजे जागरूकता के नारे
इंडोर स्टेडियम से शुरू होकर यह दौड़ बिरसा मुंडा स्टेडियम तक पहुंची। लगभग तीन किलोमीटर के इस सफर के दौरान छात्र-छात्राएं हाथों में सड़क सुरक्षा संदेशों वाली तख्तियां और स्लोगन लिए हुए थे।परिवहन विभाग की ओर से आम लोगों के बीच जागरूकता पर्चों का वितरण किया गया।पुलिस विभाग द्वारा यातायात की विशेष घेराबंदी की गई थी और भारी वाहनों को रोककर मैराथन के लिए सुरक्षित रास्ता सुनिश्चित किया गया।
“नेक नागरिकों को मिलेगा पुरस्कार”: उपायुक्त
दौड़ के समापन पर उपायुक्त नितीश कुमार सिंह ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि सड़क दुर्घटनाओं को केवल नियमों के पालन से ही कम किया जा सकता है। उन्होंने विशेष रूप से ‘गुड सेमेरिटन’ योजना का जिक्र करते हुए कहा कि सड़क दुर्घटना में घायलों को अस्पताल पहुँचाने वाले नेक नागरिकों को सरकार द्वारा पुरस्कृत किया जाता है और उन्हें किसी भी कानूनी पुलिसिया झंझट का सामना नहीं करना पड़ता।
एसपी ने युवाओं से की अपील
पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुणायत ने युवाओं और अभिभावकों से अपील की कि वे बिना हेलमेट दुपहिया वाहन न चलाएं और शराब पीकर वाहन चलाने जैसी जानलेवा गलती से बचें। उन्होंने कहा कि पुलिस का उद्देश्य चालान काटना नहीं, बल्कि लोगों की जान बचाना है।
