जमशेदपुर :महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने और उन्हें एक सशक्त मंच प्रदान करने के उद्देश्य से कोलकाता की प्रसिद्ध संस्था “एनिग्मा” द्वारा साकची स्थित बंगाल क्लब में तीन दिवसीय ‘प्री-बैसाखी प्रदर्शनी’ की शुरुआत की गई है। शुक्रवार, 3 अप्रैल से शुरू हुई यह प्रदर्शनी 5 अप्रैल तक चलेगी, जिसमें कोलकाता और जमशेदपुर के हस्तशिल्प व परिधानों का संगम देखने को मिल रहा है।
भव्य उद्घाटन और गणमान्य अतिथियों की उपस्थिति
प्रदर्शनी का औपचारिक उद्घाटन डीबीएमएस बीएड कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. जूही समर्पिता, साकची बंगाल क्लब के अध्यक्ष तापस मित्रा, महासचिव सौम्य सेन और जानी-मानी समाजसेवी विदिशा मुखर्जी ने संयुक्त रूप से फीता काटकर किया। उद्घाटन के दौरान तापस मित्रा ने ‘एनिग्मा’ संस्था के प्रयासों की प्रशंसा करते हुए कहा कि महिलाओं को आर्थिक रूप से स्वतंत्र बनाने के लिए ऐसे प्लेटफार्म अत्यंत आवश्यक हैं।
15वीं बार जमशेदपुर में सज रहा है ‘एनिग्मा’ का बाजार
संस्था की प्रमुख एलिट्रा सिन्हा मुखर्जी ने बताया कि जमशेदपुर के कला प्रेमियों के बीच यह उनकी 15वीं प्रदर्शनी है। इस बार प्रदर्शनी में कोलकाता की 30 महिला उद्यमियों ने हिस्सा लिया है, जो अपने साथ वहां की पारंपरिक कला और आधुनिक फैशन का मिश्रण लेकर आई हैं। प्रदर्शनी के स्टॉल्स पर बेहतरीन कारीगरों द्वारा तैयार डिजाइनर साड़ियां, कुर्तियां और वेस्टर्न वियर। पारंपरिक और ट्रेंडी ज्वेलरी का विशाल संग्रह। पुरुषों के लिए विशेष बैसाखी परिधान। घर को सजाने के लिए आकर्षक हस्तशिल्प वस्तुएं।
आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ते कदम
इस प्रदर्शनी का मुख्य उद्देश्य महिला उद्यमियों को सीधे ग्राहकों से जोड़ना है। बिचौलियों के बिना होने वाले इस व्यापार से महिलाओं को बेहतर मुनाफा मिलता है और उनकी पहचान बनती है। प्रदर्शनी सुबह से देर शाम तक बंगाल क्लब के पहले तल्ले पर आम जनता के लिए खुली है। बैसाखी और पोइला बैसाख (बंगाली नववर्ष) को देखते हुए यहां विशेष डिस्काउंट और नए डिजाइन पेश किए गए हैं।जमशेदपुर के साकची क्षेत्र में इस प्रदर्शनी को लेकर महिलाओं और युवाओं में काफी उत्साह देखा जा रहा है। खरीदारी के साथ-साथ यह आयोजन महिला सशक्तिकरण का एक जीवंत उदाहरण पेश कर रहा है।
