गिरिडीह : शहर की छात्राओं और महिलाओं के बीच सुरक्षा का भाव पैदा करने और मनचलों पर नकेल कसने के लिए गिरिडीह पुलिस ने एक अभिनव शुरुआत की है। मंगलवार को पुलिस अधीक्षक डॉ. विमल कुमार ने हरी झंडी दिखाकर इस विशेष पेट्रोलिंग टीम को रवाना किया।
गुलाबी और खाकी का समन्वय: 10 जांबाज महिला पुलिसकर्मी
अभियान के पहले चरण में पुलिस प्रशासन ने एक विशेष मोबाइल दस्ता तैयार किया है।फिलहाल 5 स्कूटी पर 10 महिला पुलिसकर्मियों की टीम तैनात की गई है। यह टीम दो-दो के समूह में शहर के उन संकरी गलियों और संवेदनशील इलाकों में भी पहुंच सकेगी, जहां पीसीआर वैन का पहुंचना कठिन होता है।
‘हॉटस्पॉट’ पर रहेगी पैनी नजर
महिला शक्ति पेट्रोलिंग टीम का प्राथमिक फोकस उन क्षेत्रों पर होगा जहां महिलाओं की आवाजाही सबसे अधिक है जिसमे आरके महिला कॉलेज, विभिन्न निजी स्कूल और कोचिंग सेंटर्स, शहर के भीड़भाड़ वाले चौक-चौराहे और बाजार। इसका उद्देश्य छेड़खानी, अभद्र फब्तियां कसने और महिलाओं के खिलाफ होने वाले छोटे-बड़े अपराधों को जड़ से खत्म करना।
पुलिस सहायता केंद्र का उद्घाटन और पैदल मार्च
शुभारंभ के दौरान पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के अन्य आयामों पर भी काम किया। सर जेसी बोस स्कूल स्थित पुलिस सहायता केंद्र का विधिवत उद्घाटन किया गया, ताकि छात्राएं सीधे अपनी शिकायत दर्ज करा सकें।उद्घाटन के पश्चात एसपी डॉ. विमल कुमार और अन्य अधिकारियों के नेतृत्व में महिला पुलिसकर्मियों ने आरके महिला कॉलेज तक पैदल मार्च निकाला, जिससे असामाजिक तत्वों के बीच कड़ा संदेश गया।
आपात स्थिति में संपर्क
पुलिस अधिकारियों ने महिलाओं से अपील की है कि वे किसी भी खतरे या असुरक्षा की स्थिति में हिचकिचाएं नहीं और तुरंत संपर्क करें। डायल 112: आपातकालीन सहायता के लिए। स्थानीय पुलिस सहायता के लिए।
अधिकारियों की उपस्थिति
इस गौरवशाली पल के साक्षी रहे एसपी: डॉ. विमल कुमार,एसडीपीओ: जीतवाहन उरांव,डीएसपी: नीरज सिंह एवं कौसर अली और इंस्पेक्टर: मंटू कुमार एवं नगर थाना प्रभारी रतन सिं मौजूद थे।
