जमशेदपुर: विभिन्न समस्याओं को लेकर उपायुक्त कार्यालय के समक्ष छात्रों का एक दिवसीय धरना, बोले- समय पर परीक्षा और रिजल्ट हमारा अधिकार, उपकार नहीं

जमशेदपुर। छात्र, युवा एवं सामाजिक कार्यकर्ता के बैनर तले छात्रों की विभिन्न समस्याओं को लेकर मंगलवार को उपायुक्त कार्यालय के समक्ष एक दिवसीय धरना दिया गया। इस दौरान छात्रों ने समय पर परीक्षा और परिणाम जारी करने की मांग को प्रमुखता से उठाया।धरने में छात्रों ने कहा कि समय पर परीक्षा आयोजित करना और परिणाम जारी करना विद्यार्थियों का अधिकार है, इसे किसी तरह का उपकार नहीं माना जाना चाहिए। छात्रों के अनुसार, कोल्हान विश्वविद्यालय समेत झारखंड के विभिन्न विश्वविद्यालयों में परीक्षा और रिजल्ट में लगातार हो रही देरी का सीधा असर हजारों विद्यार्थियों के भविष्य पर पड़ रहा है।

परीक्षा और रिजल्ट में देरी से प्रभावित हो रहा भविष्य

छात्रों ने कहा कि समय पर परिणाम नहीं मिलने के कारण कई विद्यार्थी सरकारी नौकरियों, प्रतियोगी परीक्षाओं, उच्च शिक्षा में नामांकन और अन्य अवसरों से वंचित हो रहे हैं। लंबित शैक्षणिक सत्रों के कारण विद्यार्थियों को आगे की पढ़ाई और करियर से जुड़े फैसले लेने में भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।छात्रों ने राज्य सरकार और विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग की कि निर्धारित शैक्षणिक एवं परीक्षा कैलेंडर के अनुसार परीक्षाएं समय पर आयोजित कराई जाएं और सभी लंबित परिणाम तय समय-सीमा के भीतर जारी किए जाएं।

लंबित शैक्षणिक सत्र नियमित करने की मांग

धरने के दौरान छात्रों ने लंबित शैक्षणिक सत्रों को नियमित करने के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार कर सार्वजनिक करने की मांग भी की। छात्रों का कहना है कि केवल आश्वासन देने के बजाय सरकार और विश्वविद्यालय प्रशासन को समयबद्ध तरीके से कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि विद्यार्थियों को बार-बार आंदोलन करने की जरूरत न पड़े।

10 अगस्त की घटना की निष्पक्ष जांच की मांग

छात्रों ने 10 अगस्त को विधानसभा मार्च के दौरान छात्र-छात्राओं, महिलाओं और युवाओं के साथ कथित हिंसा एवं अभद्र व्यवहार के आरोपों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग भी उठाई।छात्रों का कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और जांच में यदि कोई व्यक्ति दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार उचित कार्रवाई की जानी चाहिए।

‘आंदोलन किसी राजनीतिक उद्देश्य से प्रेरित नहीं’

छात्रों ने स्पष्ट किया कि उनका आंदोलन किसी राजनीतिक उद्देश्य से प्रेरित नहीं है। यह आंदोलन छात्रों के शैक्षणिक अधिकार, सम्मान और भविष्य की सुरक्षा को लेकर है।उन्होंने राज्य सरकार से छात्रों की समस्याओं पर सकारात्मक और त्वरित पहल करने की अपील की। छात्रों का कहना है कि समय पर परीक्षा और परिणाम सुनिश्चित करना विद्यार्थियों के भविष्य के लिए बेहद जरूरी है।

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