जमशेदपुर: आपदा प्रबंधन के लिए तैयार होगी 500 ‘सिविल डिफेंस’ वालंटियर्स की फौज; हवाई हमले से लेकर बाढ़ तक से निपटने की मिलेगी ट्रेनिंग

जमशेदपुर:भविष्य की आपदाओं और आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए नागरिक सुरक्षा निदेशालय ने कमर कस ली है। सोमवार को बिष्टुपुर स्थित नागरिक सुरक्षा कार्यालय में एसडीओ धालभूम सह नागरिक सुरक्षा के उप नियंत्रक अर्णव मिश्रा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जमशेदपुर के लिए नई कार्ययोजना साझा की। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन जल्द ही 500 सक्षम नागरिकों को ‘सिविल डिफेंस’ स्वयंसेवक के रूप में प्रशिक्षित करेगा।

आपदा में ‘फर्स्ट रिस्पॉन्डर’ बनेंगे स्वयंसेवक

एसडीओ अर्णव मिश्रा ने बताया कि भारत सरकार के गृह मंत्रालय के दिशा-निर्देशानुसार झारखंड के पांच जिलों (पूर्वी सिंहभूम, बोकारो, रांची, गोड्डा और साहेबगंज) में नागरिक सुरक्षा को सुदृढ़ किया जा रहा है। इन स्वयंसेवकों को आगजनी, बाढ़ विभीषिका, युद्ध की स्थिति, हवाई हमला और औद्योगिक आपदाओं के दौरान राहत और बचाव कार्य के लिए तैयार करना है।जमशेदपुर एक औद्योगिक हब है, यहाँ गैस होल्डर, हाई वोल्टेज पावर हाउस, यूरेनियम क्षेत्र और दो बड़ी नदियाँ हैं। ऐसे में पेशेवर टीम के पहुँचने से पहले ये प्रशिक्षित स्वयंसेवक जान-माल की रक्षा में ‘प्रथम उत्तरदाता’ की भूमिका निभाएंगे।

ऑपरेशन सिंदूर’ और मास्टर ट्रेनर्स

सिविल डिफेंस के चीफ वार्डेन अरुण कुमार ने जानकारी दी कि पूरे भारत में 540 मास्टर ट्रेनर्स तैयार किए गए हैं। झारखंड में कुल 2160 स्वयंसेवकों को प्रशिक्षित किया जाना है, जिसमें पूर्वी सिंहभूम से 500 लोग शामिल होंगे।हाल ही में 7 मई 2025 को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत देशभर में हवाई हमले से बचाव का मॉक ड्रिल किया गया था। इसी तर्ज पर अब नए वॉलंटियर्स को हाई-टेक ट्रेनिंग दी जाएगी।”

स्वैच्छिक सेवा: कौन बन सकता है स्वयंसेवक?

यह एक पूर्णतः स्वैच्छिक सेवा है, जिसमें समाज सेवा की भावना रखने वाले नागरिकों को प्राथमिकता दी जाएगी। प्रशिक्षण के दौरान स्वयंसेवकों को प्रशिक्षण भत्ता भी दिया जाएगा। आवेदन के लिए निम्नलिखित शर्तें अनिवार्य हैं। आवेदक भारत का नागरिक और पूर्वी सिंहभूम जिले का निवासी हो, उम्र 18 से 45 वर्ष के बीच हो,मानसिक और शारीरिक रूप से पूर्णतः स्वस्थ, किसी भी प्रकार का आपराधिक मामला दर्ज न हो और आपातकाल में जिला प्रशासन के आह्वान पर सक्रिय भूमिका निभाने के लिए तैयार रहे।

औद्योगिक और शहरी चुनौतियों से निपटने की तैयारी

जमशेदपुर में टाटा स्टील जैसी बड़ी कंपनियों के गैस होल्डर, डिमना डैम और पहाड़ी नदियों के कारण डूबने का खतरा हमेशा बना रहता है। साथ ही दुर्गा पूजा, रामनवमी और मोहर्रम जैसे त्यौहारों पर भारी भीड़ को नियंत्रित करने में भी ये स्वयंसेवक प्रशासन का हाथ बंटाएंगे।

कैसे करें आवेदन?

इच्छुक नागरिक अपना नाम सिविल डिफेंस कार्यालय, बिष्टुपुर (जमशेदपुर) में दर्ज करा सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए प्रशासन ने निम्नलिखित हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं।मोबाइल: 08092394344,लैंडलाइन 0657-2912259 है।

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