घाटशिला: घाटशिला थाना क्षेत्र के राजस्टेट स्थित पुराने अनुमंडल कार्यालय (राजबाड़ी) के जर्जर भवन में कथित रूप से नशीले पदार्थों की खरीद-बिक्री का पुलिस ने खुलासा किया है। सूचना के आधार पर पुलिस ने छापेमारी कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। इनके पास से 1.81 किलोग्राम गांजा और 11.73 ग्राम ब्राउन शुगर बरामद किया गया है।


जर्जर भवन में चल रहा था नशीले पदार्थों का कारोबार
ग्रामीण एसपी शुभम खंडेलवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि पुराने अनुमंडल कार्यालय के जर्जर भवन में कुछ लोग नशीले पदार्थों की खरीद-बिक्री कर रहे हैं। सूचना के बाद घाटशिला थाना प्रभारी राजेंद्र कुमार मुंडा के नेतृत्व में विशेष छापामारी टीम का गठन किया गया।पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर छापेमारी की, जहां तीन संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया। तलाशी के दौरान उनके पास से गांजा और ब्राउन शुगर समेत अन्य सामान बरामद किए गए।
करीब 2 लाख रुपये के नशीले पदार्थ बरामद
पुलिस के अनुसार बरामद गांजा और ब्राउन शुगर की अनुमानित कीमत करीब 2 लाख रुपये है। आधिकारिक बरामदगी में 1.81 किलोग्राम अवैध गांजा,11.73 ग्राम ब्राउन शुगर,1 काली स्प्लेंडर मोटरसाइकिल,1 हुंडई i10 कार और 7 मोबाइल फोन शामिल हैं।
तीन गिरफ्तार, दो आरोपी फरार
पुलिस ने मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान
दिनेश सिंह (22 वर्ष) — राजस्टेट, घाटशिला,तुषार सीट (22 वर्ष) — धोबीपाड़ा, घाटशिला और लखन चंद्र सोरेन उर्फ लक्की उर्फ मामा (32 वर्ष) — पाथरगोड़ा, मुसाबनी के रूप में हुई है।पुलिस के मुताबिक, मामले की जांच में कुल पांच आरोपियों के नाम सामने आए हैं, जिनमें से तीन को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि दो आरोपी फरार हैं। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है।
एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज हुआ मामला
घाटशिला थाना में इस मामले को लेकर कांड संख्या 48/26, दिनांक 21 अगस्त 2026 दर्ज किया गया है। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(b)(ii)B, 21(a), 21(b), 25 और 29 तथा बीएनएस की धारा 111(2) और 112 के तहत कार्रवाई की गई है।
थाना प्रभारी के नेतृत्व में हुई छापेमारी
छापेमारी टीम का नेतृत्व घाटशिला थाना प्रभारी पुलिस निरीक्षक राजेंद्र कुमार मुंडा ने किया। टीम में पुलिस पदाधिकारी और रिजर्व गार्ड के जवान भी शामिल थे। पुलिस अब बरामद नशीले पदार्थों के स्रोत, नेटवर्क और फरार आरोपियों की भूमिका की जांच कर रही है।
पुलिस की कार्रवाई से इलाके में मचा हड़कंप
पुराने अनुमंडल कार्यालय जैसे जर्जर और लंबे समय से कम इस्तेमाल होने वाले भवन में नशीले पदार्थों की खरीद-बिक्री की सूचना सामने आने के बाद इलाके में चर्चा तेज हो गई है। पुलिस का कहना है कि नशे के कारोबार से जुड़े लोगों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।
