सरायकेला। जिले की शिक्षा व्यवस्था को और बेहतर बनाने के उद्देश्य से सोमवार को उप विकास आयुक्त रीना हांसदा की अध्यक्षता में शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले के स्कूलों में विद्यार्थियों और शिक्षकों की उपस्थिति, नामांकन, अपार आईडी , जन्म प्रमाण-पत्र, आईसीटी लैब, स्मार्ट क्लास और शैक्षणिक रैंकिंग की प्रखंडवार समीक्षा की गई।
कम उपस्थिति वाले स्कूलों को चिन्हित करने का निर्देश
समीक्षा के दौरान उप विकास आयुक्त ने कम विद्यार्थी उपस्थिति वाले विद्यालयों को चिन्हित कर आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई करने का निर्देश दिया। साथ ही शिक्षकों की उपस्थिति की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।उन्होंने अधिकारियों से कहा कि स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता के साथ-साथ विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति पर भी विशेष ध्यान दिया जाए, ताकि बच्चों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।
भयमुक्त और गतिविधि आधारित शिक्षा पर जोर
डीडीसी ने बच्चों को भयमुक्त वातावरण में गतिविधि आधारित और रुचिकर तरीके से शिक्षा देने की आवश्यकता बताई। उन्होंने कहा कि पढ़ाई को बच्चों के लिए सहज और आनंददायक बनाया जाना चाहिए, जिससे उनकी सीखने में रुचि बढ़े।
लंबित कार्य समय पर पूरा करने के निर्देश
बैठक में लंबित प्रशिक्षण और अन्य शैक्षणिक कार्यों की भी समीक्षा की गई। उप विकास आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों को सभी लंबित कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने का निर्देश दिया।कमजोर प्रदर्शन वाले प्रखंडों में विशेष रूप से सुधारात्मक कदम उठाने और शैक्षणिक परिणामों में सुधार लाने पर भी जोर दिया गया।
आईसीटी लैब और स्मार्ट क्लास की भी हुई समीक्षा
शिक्षा विभाग की समीक्षा के दौरान स्कूलों में आईसीटी लैब और स्मार्ट क्लास की स्थिति की जानकारी ली गई। इसके अलावा विद्यार्थियों के नामांकन, अपार आईडी और जन्म प्रमाण-पत्र से संबंधित कार्यों की प्रगति का भी जायजा लिया गया।बैठक में शिक्षा विभाग के जिला एवं प्रखंड स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
