
जमशेदपुर: जिला विधिक सेवा प्राधिकार ने समाज को नशे की दलदल से बाहर निकालने के लिए एक व्यापक अभियान की शुरुआत की है। नालसा स्कीम 2025 ड्रग फ्री इंडिया के तहत सोमवार को जमशेदपुर के न्याय सदन से एक भव्य जागरूकता रैली निकाली गई। इस कार्यक्रम का नेतृत्व डालसा सचिव कुमार शौरव त्रिपाठी ने किया।
स्वस्थ समाज के लिए नशा मुक्त होना अनिवार्य
रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना करने से पूर्व डालसा सचिव कुमार शौरव त्रिपाठी ने उपस्थित लोगों को संबोधित किया। उन्होंने कहा नशा न केवल एक व्यक्ति को शारीरिक और मानसिक रूप से खोखला करता है, बल्कि पूरे परिवार और समाज के पतन का कारण बनता है। नशा से दूरी बनाकर ही हम एक स्वस्थ और विकसित समाज का निर्माण कर सकते हैं।
5 से 12 जनवरी तक चलेगा विशेष जागरूकता सप्ताह
डालसा सचिव ने बताया कि नालसा के निर्देशानुसार 5 जनवरी से 12 जनवरी तक ‘ड्रग फ्री इंडिया’ अभियान के तहत विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।रैली के दौरान स्वयंसेवक अपने हाथों में नशा उन्मूलन से जुड़े पोस्टर और बैनर लिए हुए थे, जिस पर “नशा से नाता तोड़ो, दिल से नाता जोड़ो” जैसे प्रेरक नारे लिखे थे। रैली के माध्यम से राहगीरों और आम लोगों के बीच नशा मुक्ति से संबंधित पंपलेट बांटे गए और उन्हें नशे के दुष्प्रभावों के बारे में कानूनी व स्वास्थ्य संबंधी जानकारी दी गई।
अधिकार मित्रों को दी गई शपथ
रैली के समापन के बाद न्याय सदन में अधिकार मित्रों (पैरा लीगल वॉलंटियर्स – PLV) के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई। सचिव ने आगामी एक सप्ताह तक चलने वाले कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी और पीएलवी को सुदूर क्षेत्रों में जाकर लोगों को जागरूक करने का निर्देश दिया। डालसा सचिव ने बैठक में मौजूद सभी पदाधिकारियों और पीएलवी को स्वयं नशा न करने और दूसरों को इसके विरुद्ध प्रेरित करने की शपथ दिलाई।
वरिष्ठ अधिवक्ताओं की उपस्थिति
इस अवसर पर वरिष्ठ मध्यस्थ अधिवक्ता के. के. सिन्हा एवं तरित वरन कर भी मुख्य रूप से मौजूद रहे। उन्होंने कानूनी पहलुओं पर प्रकाश डालते हुए बताया कि नशे के कारोबार में लिप्त लोगों के खिलाफ कानून में कड़े प्रावधान हैं, जिनके बारे में आम जनता को जागरूक होना जरूरी है।
