राँची: दावोस से लौटे मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का भव्य स्वागत; बोले— “पहली बार वैश्विक मंच पर दिखा झारखंड का दम, युवाओं के लिए खुलेंगे नए द्वार”

Spread the love

राँची: स्विट्जरलैंड के दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की ऐतिहासिक यात्रा के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन आज राँची वापस लौट आए। बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पर उनके आगमन के दौरान झारखंड मुक्ति मोर्चा के कार्यकर्ताओं और नेताओं ने ढोल-नगाड़ों और फूल-मालाओं के साथ उनका अभूतपूर्व स्वागत किया। मुख्यमंत्री के साथ झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स की टीम भी इस सफल यात्रा से वापस लौटी है।

वैश्विक पटल पर पहली बार झारखंड की गूंज

हवाई अड्डे पर मीडिया और कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि राज्य अलग होने के बाद यह पहला मौका है जब झारखंड ने इतने बड़े और प्रतिष्ठित वैश्विक मंच पर अपनी प्रभावशाली उपस्थिति दर्ज कराई है। उन्होंने इसे राज्य के गौरव का क्षण बताया।

‘जल-जंगल-जमीन’ और संभावनाओं का प्रदर्शन

मुख्यमंत्री ने दावोस के अपने अनुभवों को साझा करते हुए कहा “हमने दावोस में झारखंड के समृद्ध संसाधनों— जल, जंगल और जमीन के साथ-साथ यहाँ की असीम औद्योगिक संभावनाओं को दुनिया के सामने रखा है। पहली बार वैश्विक निवेशकों ने झारखंड को एक नई दृष्टि से देखा है। हमने उन संभावनाओं को वैश्विक मंच पर रखा है जो अब तक अनछुई थीं।”

युवा पीढ़ी को मिलेगा बड़ा लाभ

मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य राज्य में निवेश आकर्षित करना और रोजगार के नए अवसर पैदा करना है। उन्होंने कहा कि दावोस में किए गए संवाद और समझौतों का सीधा लाभ झारखंड की युवा पीढ़ी को मिलेगा। उनके लिए रोजगार के नए आयाम खुलेंगे और राज्य आर्थिक रूप से सशक्त बनेगा।

झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स की सहभागिता

मुख्यमंत्री के साथ लौटे झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स के प्रतिनिधियों ने भी इस यात्रा को अत्यंत सफल बताया। उन्होंने कहा कि वैश्विक उद्यमियों के साथ बातचीत से राज्य के व्यापारिक जगत को नई दिशा मिलेगी। चैंबर ने मुख्यमंत्री के नेतृत्व में झारखंड के औद्योगिक विकास को लेकर सकारात्मक उम्मीद जताई है।

आगे की रणनीति

हेमंत सोरेन ने स्पष्ट किया कि दावोस के अनुभव और वहां मिले फीडबैक को अब झारखंड की नीतियों में शामिल किया जाएगा। राज्य सरकार अब उन निवेशकों के साथ समन्वय स्थापित करेगी जिन्होंने झारखंड में रुचि दिखाई है, ताकि विकास कार्यों को धरातल पर उतारा जा सके।

More From Author

कैरव गांधी केस में एसएसपी का बड़ा खुलासा: बिहार-झारखंड बॉर्डर से रात 12:30 बजे हुए रिकवर; अपहरणकर्ता चिन्हित, छापेमारी जारी

जमशेदपुर: संजीव सिंह हत्याकांड में झामुमो नेताओं को उम्रकैद; दुबराज नाग और जितेंद्र सिंह को आजीवन कारावास की सजा

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recent Comments

No comments to show.