
जमशेदपुर : रंगों के पावन त्योहार होली के आगमन से पूर्व, भूमिहार महिला समाज झारखंड की ओर से रविवार, 1 मार्च को एक भव्य होली मिलन समारोह “रंग-धनक” का आयोजन किया गया। कदमा स्थित स्वामी सहजानंद सरस्वती कल्याण संस्थान (ब्रह्मर्षि भवन) में आयोजित इस कार्यक्रम में समाज की महिलाओं और बच्चों ने उत्साह के साथ भाग लिया।
एकता और भाईचारे का संदेश
“रंग-धनक” समारोह का मुख्य उद्देश्य समाज के सभी वर्गों को एकजुट करना और भाईचारे के रंगों को बढ़ावा देना था। पूरे ब्रह्मर्षि भवन परिसर में पारंपरिक परिधानों में सजी महिलाओं और अबीर-गुलाल की खुशबू ने उत्सव के माहौल को जीवंत कर दिया।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समा
कार्यक्रम के दौरान कई रंगारंग प्रस्तुतियां दी गईं, जिन्होंने दर्शकों का मन मोह लिया।महिलाओं ने पारंपरिक होली गीतों पर थिरक कर लोक संस्कृति की छटा बिखेरी। छोटे बच्चों ने नृत्य और गायन के माध्यम से अपनी कला का प्रदर्शन किया। सभी सदस्यों ने एक-दूसरे को गुलाल लगाकर होली की अग्रिम शुभकामनाएं दीं।महिला सशक्तिकरण और परंपराओं का संगमसंस्था की संस्थापक ने अपने संबोधन में कहा कि होली केवल रंगों का खेल नहीं, बल्कि दिलों को जोड़ने का माध्यम है। उन्होंने समाज में प्रेम और सद्भाव फैलाने पर जोर दिया।
नई पीढ़ी को जोड़ने की पहल
समारोह के दौरान वक्ताओं ने भारतीय परंपराओं को जीवित रखने और उन्हें अगली पीढ़ी तक पहुँचाने की आवश्यकता। समाज की महिलाओं को एकजुट कर उन्हें आत्मनिर्भर और सक्रिय बनाने पर बल। ऐसे आयोजनों से समाज में आपसी तालमेल और सकारात्मकता का संचार होता है।
