चाईबासा : झींकपानी थाना क्षेत्र के बेटेया गांव में शनिवार को खूनी संघर्ष की एक दर्दनाक घटना घटी। हाट (बाजार) में सब्जी बेचने जा रहे 45 वर्षीय चोया बिरूली पर एक युवक ने जानलेवा हमला कर दिया। आरोपी ने उन पर करीब 20 तीर चलाए, जिनमें से तीन तीर सीधे उनके शरीर के आर-पार हो गए।
घात लगाकर किया हमला
जानकारी के अनुसार, चोया बिरूली हर रोज की तरह अपने गांव से सब्जियां लेकर जोड़ापोखर हाट जा रहे थे। रास्ते में चिड़ियापहाड़ी गांव का रहने वाला दोपे बिरूली पहले से ही धनुष-बाण लेकर घात लगाकर बैठा था।जैसे ही चोया वहां से गुजरे, दोपे ने उन पर तीरों की बौछार कर दी। चोया को संभलने का मौका तक नहीं मिला और तीन तीर उनके शरीर के महत्वपूर्ण हिस्सों में जा धंसे।
राहगीरों ने बचाई जान
खून से लथपथ चोया को सड़क पर तड़पता देख राहगीरों ने तुरंत शोर मचाया और झींकपानी थाना पुलिस को सूचित किया।पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घायल को उठाया और त्वरित कार्रवाई करते हुए उन्हें सदर अस्पताल चाईबासा पहुंचाया। चोया की हालत अत्यंत गंभीर बनी हुई है। सदर अस्पताल के डॉक्टरों की एक विशेष टीम उनके शरीर में धंसे तीरों को निकालने के लिए जटिल सर्जरी में जुटी है। उन्हें फिलहाल सघन निगरानी में रखा गया है।
पुलिस की जांच और छापेमारी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस की एक टीम हमलावर दोपे बिरूली की तलाश में उसके गांव पहुंची, लेकिन वह फरार बताया जा रहा है। पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि इस खूनी हमले के पीछे क्या कोई पुरानी आपसी रंजिश, जमीन का विवाद है या फिर यह अचानक उपजा कोई विवाद था। सरेआम हुई इस ‘तीरवर्षा’ के बाद से बेटेया और आसपास के गांवों में लोग डरे हुए हैं।
परंपरागत हथियार और बढ़ता अपराध
ग्रामीण इलाकों में परंपरागत हथियारों का इस्तेमाल कर इस तरह के हिंसक हमले पुलिस के लिए भी बड़ी चुनौती बने हुए हैं। झींकपानी थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा और कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
