जमशेदपुर:शहर में नशे की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत जमशेदपुर पुलिस ने ब्राउन शुगर के एक बड़े गिरोह को दबोचा है। एसएसपी पीयूष पांडे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि गिरफ्तार अभियुक्तों के पास से 175 पुड़िया ब्राउन शुगर बरामद हुई है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 3.50 लाख रुपये आंकी गई है।
सरायकेला कनेक्शन से खुला राज
पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि पिछले दिनों सरायकेला के कपाली में 16.50 लाख रुपये के ब्राउन शुगर के साथ पकड़े गए तस्करों के साथी जमशेदपुर में सक्रिय हैं।ये लोग नशीले पदार्थों की एक बड़ी खेप लेकर शहर के विभिन्न इलाकों में खपाने की तैयारी में थे। एसएसपी के निर्देश पर एएसपी, डीएसपी और कई थाना प्रभारियों की एक विशेष टीम गठित कर छापामारी शुरू की गई।
बर्मामाइंस से मानगो तक छापेमारी
पुलिस की कार्रवाई शहर के अलग-अलग हिस्सों में सिलसिलेवार ढंग से चली ।बर्मामाइंस (गांधीनगर बस्ती) से सबसे पहले संतोष कुमार सिंह और उसकी पत्नी आयशा खातून उर्फ बिल्लो को हिरासत में लिया गया।छोटा गोविंदपुर दंपति के स्वीकारोक्ति बयान के आधार पर पुलिस ने अमित कुमार और गौरव कुमार उर्फ अमर को गिरफ्तार किया।मानगो से एक अन्य सदस्य संजय गोस्वामी उर्फ संजय बंगाली को मानगो थाना क्षेत्र से दबोचा गया।
‘ऑपरेशन प्रहार’: 5 महीने में 50 गिरफ्तारियां
एसएसपी पीयूष पांडे ने बताया कि पुलिस नशे के सौदागरों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपना रही है।पिछले 5 महीनों में ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत अब तक लगभग 50 तस्करों को जेल भेजा जा चुका है। एसएसपी ने नशा कारोबारियों को चेतावनी दी है कि वे यह अवैध काम तुरंत बंद कर दें, अन्यथा पुलिस उनके खिलाफ कठोरतम कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करेगी।
अंतर-जिला गिरोह पर रिमांड की तैयारी
पकड़े गए अपराधी केवल जमशेदपुर तक सीमित नहीं हैं, बल्कि इनका नेटवर्क पड़ोसी जिलों में भी फैला हुआ है। पुलिस जल्द ही इन अभियुक्तों को रिमांड पर लेगी ताकि इस अवैध धंधे के मुख्य सरगना और ‘सप्लाई चेन’ के अन्य सदस्यों का पता लगाया जा सके। पुलिस का लक्ष्य इस पूरे सिंडिकेट को जड़ से खत्म करना है।
