करीब 48 घंटे तक चले तनाव, वार्ता और प्रशासनिक प्रयासों के बाद बुधवार को करणी सेना युवा मोर्चा के सरायकेला-खरसावां जिला अध्यक्ष हिमांशु सिंह का अंतिम संस्कार कर दिया गया। सरकार की ओर से लिखित आश्वासन मिलने के बाद परिजन अंतिम संस्कार के लिए राजी हुए।
अंतिम दर्शन के लिए उमड़ी हजारों लोगों की भीड़
कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच हिमांशु सिंह का पार्थिव शरीर शांतिनगर स्थित उनके आवास लाया गया। यहां अंतिम दर्शन के लिए हजारों लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। लोगों ने नम आंखों से उन्हें अंतिम विदाई दी।
शांतिनगर से पार्वती घाट तक निकली विशाल शव यात्रा
अंत्येष्टि की रस्मों के बाद शांतिनगर से बिष्टुपुर स्थित पार्वती घाट तक विशाल शव यात्रा निकाली गई। इस दौरान समर्थकों ने न्याय की मांग को लेकर नारेबाजी की। पूरे मार्ग में बड़ी संख्या में लोग शव यात्रा में शामिल हुए।
चंपाई सोरेन समेत कई जनप्रतिनिधि रहे मौजूद
अंतिम यात्रा में पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन, सांसद विद्युत वरण महतो, डिप्टी मेयर अंकुर सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए।इस दौरान चंपाई सोरेन ने मामले की निष्पक्ष जांच, सभी आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी और पीड़ित परिवार की मांगों पर शीघ्र कार्रवाई की मांग की। उन्होंने 3 जुलाई को प्रस्तावित भाजपा के जमशेदपुर बंद का भी समर्थन किया।
लिखित आश्वासन के बाद खत्म हुआ गतिरोध
गौरतलब है कि डबल डाउन बार के बाहर हुए हमले में घायल हिमांशु सिंह की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। इसके बाद परिजनों ने करीब 48 घंटे तक अंतिम संस्कार से इनकार कर दिया था।प्रशासन की ओर से दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई, मृतक के आश्रित को सरकारी नौकरी की अनुशंसा और आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी का लिखित आश्वासन दिए जाने के बाद गतिरोध समाप्त हुआ और अंतिम संस्कार संपन्न कराया गया।
पुलिस-प्रशासन रहा पूरी तरह मुस्तैद
अंतिम संस्कार और शव यात्रा के दौरान पुलिस एवं प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा। सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे और पूरे कार्यक्रम को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराया गया।
