जमशेदपुर : फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशंस की ओर से शहर में आयोजित एक उच्च स्तरीय बैठक में झारखंड के ऑटोमोबाइल सेक्टर की समस्याओं पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशंस के राष्ट्रीय अध्यक्ष साई गिरिधर और सीईओ दमन विशेष रूप से उपस्थित रहे, जिन्होंने राज्य भर से आए डीलरों के साथ संवाद किया।
आरटीओ प्रक्रियाओं को सरल बनाने पर मंथन
बैठक का सबसे मुख्य मुद्दा क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय से जुड़ी प्रशासनिक अड़चनें रहीं। डीलरों ने वाहन पंजीकरण और दस्तावेजों के सत्यापन में होने वाली अत्यधिक देरी का मुद्दा उठाया। उन्होंने बताया कि इन बाधाओं के कारण ग्राहकों को समय पर गाड़ी देने में परेशानी होती है, जिससे न केवल व्यापार प्रभावित होता है बल्कि ग्राहकों का अनुभव भी खराब होता है।पूर्वी सिंहभूम के जिला परिवहन पदाधिकारी धनंजय कुमार ने अपनी टीम के साथ बैठक में शिरकत की। उन्होंने डीलरों को आश्वस्त किया कि विभाग प्रक्रियाओं को डिजिटल और तेज बनाने की दिशा में काम कर रहा है ताकि कार्यप्रणाली में पारदर्शिता और गति आए।
सड़क सुरक्षा: स्कूलों में चलेंगे जागरूकता अभियान
बैठक में व्यापारिक चर्चा के साथ-साथ सामाजिक जिम्मेदारी पर भी बल दिया गया।फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशंस ने प्रस्ताव दिया कि सड़क सुरक्षा के प्रति बच्चों को जागरूक करने के लिए स्कूली स्तर पर विशेष अभियान चलाए जाने चाहिए।सुरक्षित और जिम्मेदार ड्राइविंग को बढ़ावा देने के लिए ऑटोमोबाइल डीलरों को भी अपने शोरूम स्तर पर ग्राहकों को शिक्षित करने की बात कही गई।
बेहतर तालमेल की ओर एक कदम
बैठक में मौजूद विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के सीधे संवाद से सरकारी विभागों और निजी व्यवसायियों के बीच की दूरियां कम होती हैं। इस सकारात्मक बातचीत का सीधा लाभ जमशेदपुर सहित पूरे झारखंड के ग्राहकों को मिलेगा, जिन्हें अब वाहन पंजीकरण और डिलीवरी के लिए कम इंतजार करना होगा।
