जमशेदपुर: पूर्वी सिंहभूम जिला अग्रवाल सम्मेलन द्वारा आंध्रा भक्त श्री राम मंदिरम समिति के विशेष सहयोग से आज रविवार (24 मई) को बिष्टुपुर स्थित श्री राम मंदिर कल्याण मंडपम में भव्य “श्री बालाजी अन्न प्रसादम” कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। इस ऐतिहासिक धार्मिक अनुष्ठान को लेकर पूरे लौहनगरी में अलौकिक श्रद्धा, अभूतपूर्व उत्साह और भक्ति का माहौल बना रहा।कड़ी धूप और गर्मी की परवाह किए बिना शहर के कोने-कोने से पहुंचे 2000 से अधिक श्रद्धालुओं ने तिरुपति देवस्थानम की तर्ज पर तैयार किए गए पावन अन्न प्रसादम को पूरी श्रद्धा के साथ ग्रहण किया।
वैदिक मंत्रोच्चारण और विशेष दक्षिण भारतीय पूजन से हुई शुरुआत
पूर्वी सिंहभूम जिला अग्रवाल सम्मेलन के अध्यक्ष अभिषेक अग्रवाल गोल्डी ने कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया धार्मिक अनुष्ठान की शुरुआत सुबह 11:30 बजे दक्षिण भारत (तिरुपति) से आए प्रबुद्ध विद्वान पंडितों द्वारा पूरे विधि-विधान से वैदिक मंत्रोच्चारण, विशेष पूजन और महाआरती के साथ हुई। सर्वप्रथम आदरपूर्वक ब्राह्मण भोजन कराया गया, जिसके बाद दोपहर 12:15 बजे से आम श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसाद का वितरण शुरू हुआ। मंदिरम समिति द्वारा मंडपम में भक्तों के लिए आराम से बैठकर मर्यादापूर्वक प्रसाद ग्रहण करने की विशेष और सुव्यवस्थित व्यवस्था की गई थी।
पेरुमल स्टोन’ (मनोकामना पत्थर) और जलामृत रहा मुख्य आकर्षण
तिरुपति बालाजी मंदिर की जीवंत अनुभूति कराने के लिए पूरे मंदिर परिसर को दक्षिण भारतीय आध्यात्मिक कला और पारंपरिक फूलों से बेहद आकर्षक ढंग से सजाया गया था।इस पूरे समागम में सबसे बड़ा आकर्षण का केंद्र “पेरुमल स्टोन” (मनोकामना पत्थर) रहा। ऐसी धार्मिक मान्यता है कि इस पवित्र शिला के समीप अपनी मन्नतें मांगने से भगवान बालाजी उसे अवश्य पूरा करते हैं। सुबह से ही श्रद्धालु इस पत्थर के समक्ष सिर झुकाकर अपनी मनोकामनाएं व्यक्त करते दिखे। इसके साथ ही मंदिरम की ओर से भक्तों को कपूर मिश्रित दक्षिण भारतीय परंपरा का बेहद पावन और सुवासित ‘जलामृत’ (चरणामृत) वितरित किया गया, जिसे पाकर श्रद्धालु धन्य हो गए।
रांची से सपरिवार पहुंचे नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष बसंत मित्तल
इस भव्य कार्यक्रम की गरिमा और बढ़ गई जब अखिल भारतीय अग्रवाल सम्मेलन के नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष बसंत मित्तल विशेष रूप से सपरिवार रांची से इस अनुष्ठान में शामिल होने जमशेदपुर पहुंचे। जमशेदपुर अग्रवाल सम्मेलन की टीम ने राष्ट्रीय अध्यक्ष का पारंपरिक तरीके से भव्य स्वागत किया। बसंत मित्तल ने इस आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन समाज में समरसता और एकजुटता की भावना को सुदृढ़ करते हैं।
मारवाड़ी और आंध्रा समाज की संस्थाओं ने पेश की एकजुटता की मिसाल
इस बड़े आयोजन को पूर्णतः व्यवस्थित और सफल बनाने में जमशेदपुर की कई प्रमुख सामाजिक और धार्मिक संस्थाओं ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी। कार्यक्रम को सफल बनाने में रानी सती सत्संग समिति, मारवाड़ी युवा मंच (जमशेदपुर शाखा) और आंध्रा समाज के सैकड़ों स्वयंसेवक सुबह से ही मुस्तैद रहे। भीषण गर्मी और तपिश को देखते हुए श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पूरे परिसर में जगह-जगह वाटर कूलर, ठंडे पानी और शीतल छाछ (मट्ठा) की विशेष काउंटर लगाए गए थे, ताकि दूर-दराज से आने वाले भक्तों को कोई असुविधा न हो।
