जमशेदपुर:लौहनगरी जमशेदपुर में नशीले पदार्थों के काले कारोबार के खिलाफ पुलिस प्रशासन का कड़ा प्रहार जारी है। ग्रामीण एसपी शुभम खंडेलवाल ने एक संवाददाता सम्मेलन (प्रेस कॉन्फ्रेंस) कर जानकारी दी कि एमजीएम और बोड़ाम थाना क्षेत्र में पुलिस ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए करीब 7 किलो 670 ग्राम अवैध गांजा बरामद किया है। बाजार में जब्त गांजे की अनुमानित कीमत लगभग 4 लाख रुपये आंकी गई है। पुलिस ने इस मामले में दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता पाई है।
सिमुलडांगा एनएच -33 पर गुमटी में रेड; पहला तस्कर गिरफ्तार
ग्रामीण एसपी शुभम खंडेलवाल ने प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि बीते दिन गुप्त सूचना मिली थी कि एमजीएम थाना क्षेत्र के सिमुलडांगा स्थित काली मंदिर के पास एक गुमटी में अवैध रूप से भारी मात्रा में गांजा छुपाकर रखा गया है, जहां से शहर के अलग-अलग हिस्सों में इसकी तस्करी की जा रही है। सूचना मिलते ही वरीय अधिकारियों के निर्देश पर एक विशेष पुलिस टीम का गठन कर चिन्हित गुमटी पर छापेमारी की गई। मौके से रोशन कुमार नामक युवक को रंगे हाथों हिरासत में लिया गया। कड़ाई से पूछताछ करने पर रोशन ने खुलासा किया कि वह बोड़ाम थाना क्षेत्र निवासी शंभू महतो उर्फ साधु से हर हफ्ते गांजा खरीद कर लाता है और जमशेदपुर शहर के युवाओं व नशेड़ियों के बीच छोटी-छोटी पुड़िया बनाकर बेचता है।
बोड़ाम के जोबा गांव में दूसरे तस्कर के घर दबिश; 7.67 किलो गांजा और कैश बरामद
रोशन से मिले इनपुट्स के आधार पर पुलिस टीम ने तुरंत बोड़ाम थाना क्षेत्र के जोबा गांव में शंभू महतो उर्फ साधु के ठिकाने पर छापेमारी की। पुलिस ने शंभू महतो को हिरासत में लेकर उसके घर की गहनता से तलाशी ली। तलाशी के दौरान घर से 7 किलो 670 ग्राम गांजा बरामद हुआ। मौके से गांजा बेचने से अर्जित ₹5,840 नगद भी बरामद किए गए।
खुद करता था गांजे की खेती; जल्द नष्ट करेगी पुलिस
पूछताछ में पुलिस के हाथ एक और बड़ा सुराग लगा है। मुख्य आरोपी शंभू महतो उर्फ साधु ने स्वीकार किया कि वह केवल सप्लायर ही नहीं है, बल्कि उसने खुद गांजे की अवैध खेती कर रखी है, जहां से वह गांजा तैयार कर सप्लाई करता था।ग्रामीण एसपी शुभम खंडेलवाल ने बताया कि आरोपी साधु से गांजे की खेती के सटीक स्थान और इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य सहयोगियों की जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस बहुत जल्द उसकी गांजे की पूरी फसल और खेती को नष्ट करेगी।इतनी बड़ी मात्रा में मादक पदार्थों की जब्ती और तस्करी के पूरे चैन को तोड़ना जमशेदपुर पुलिस के लिए एक बड़ी कामयाबी माना जा रहा है। कानूनी कागजी प्रक्रिया पूरी करने के बाद दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत (जेल) में भेजा जा रहा है।
