जमशेदपुर। परसुडीह के गोलपहाड़ी से गोविंदपुर को जोड़ने वाली मुख्य सड़क की जर्जर स्थिति से परेशान स्थानीय लोगों के सब्र का बांध सोमवार को टूट गया। जर्जर सड़क और प्रशासन की उदासीनता के विरोध में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने सड़क जाम कर जमकर नारेबाजी और प्रदर्शन किया। इस विरोध प्रदर्शन के कारण मार्ग पर घंटों आवागमन ठप रहा और वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
चार साल से बदहाल है सड़क
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि यह मुख्य सड़क पिछले चार वर्षों से बेहद खराब स्थिति में है। सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे उभर आए हैं और सड़क की ऊपरी सतह पूरी तरह उखड़ चुकी है। ग्रामीणों ने ठेकेदार और संबंधित विभागीय अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि बार-बार शिकायत के बावजूद मरम्मत की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
हादसों को दावत दे रहे हैं गड्ढे
स्थानीय निवासियों ने बताया कि सड़क की जर्जर स्थिति के कारण यह मार्ग अब ‘डेथ ट्रैप’ बनता जा रहा है। गड्ढों के कारण आए दिन बाइक सवार और राहगीर चोटिल हो रहे हैं।ग्रामीणों के अनुसार, पूर्व में कई लोग इन गड्ढों की वजह से अपनी जान भी गंवा चुके हैं।राहगीरों को हर वक्त जान जोखिम में डालकर इस सड़क से गुजरना पड़ता है।
प्रशासनिक आश्वासन और चेतावनी
सड़क जाम की सूचना पाकर प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को शांत कराने की कोशिश की। हालांकि, ग्रामीण किसी मौखिक आश्वासन के बजाय सड़क निर्माण कार्य शुरू होने की स्पष्ट समय-सीमा की मांग पर अड़े रहे।
ग्रामीणों की चेतावनी
“यदि जल्द ही निर्माण कार्य धरातल पर शुरू नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में उग्र आंदोलन किया जाएगा। अब हम केवल आश्वासनों से संतुष्ट होने वाले नहीं हैं।”क्षेत्रवासियों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि जनहित को देखते हुए अविलंब सड़क का सुदृढ़ीकरण कराया जाए ताकि लोगों को सुरक्षित और सुगम आवागमन की सुविधा मिल सके।
