
जमशेदपुर। सोनारी स्थित भूतनाथ मंदिर परिसर में नारायणी सेवा ट्रस्ट, जमशेदपुर द्वारा नव निर्मित श्री श्री राणी सती दादी जी, लखदातार श्री श्याम प्रभु एवं सालासर श्री बालाजी महाराज के मंदिरों का 06 दिवसीय प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव शनिवार को भव्य धार्मिक अनुष्ठानों के साथ शुरू हो गया।महोत्सव के पहले दिन, भव्य कलश यात्रा का आयोजन किया गया, जिसने पूरे इलाके को भक्तिमय बना दिया।
भव्य कलश यात्रा से महोत्सव का आगाज

कार्यक्रम का शुभारंभ सोनारी कपाली घाट में हुआ, जहाँ यजमान प्रीति-विजय मित्तल ने पूजा की। बनारस से आए विद्वान पंडित दीपक पुरोहित ने विधि-विधान से पूजा संपन्न कराई।कलश यात्रा में 300 से अधिक भक्तगण शामिल थे।इसमें 108 महिलाएं सिर पर कलश लेकर चल रही थीं, जबकि 101 पुरुष हाथों में निशान लेकर भक्ति भाव से आगे बढ़ रहे थे।कलश यात्रा सोनारी कपाली घाट से शुरू होकर भूतनाथ मंदिर परिसर पहुंचकर संपन्न हुई।पहले दिन संस्था के बीस सदस्यों ने सपत्नी पूजा कराई। यह पूजा बनारस से आए 8 विद्वान पंडितों द्वारा करवाई जा रही है।
701 से अधिक महिलाओं ने किया मंगल पाठ

दोपहर 03.30 बजे से श्री श्री राणी सती दादी जी का भव्य मंगल पाठ का आयोजन किया गया, जिसमें 701 से अधिक महिलाएं राजस्थानी चुंदड़ी पहने शामिल हुईं।मंगल पाठ की पूजा और ज्योत प्रज्जवलित कृष्णा-राजकुमार संघी ने की, जबकि पंडित विपिन पांडेय ने पूजा कराई।इस दौरान श्री श्री राणी सती दादी जी का भव्य दरबार सजाया गया था।सूरत से आमंत्रित कलाकार सुरभि बिरूजका ने श्री गणेश वंदना से मंगल पाठ का वाचन एवं भजनों का शुभारंभ किया। उनके भजनों की रसधारा पर महिलाएं झूम उठीं। उन्होंने दादी मां का जन्म उत्सव, चुनड़ी उत्सव, गजरा उत्सव जैसे भावपूर्ण भजनों की शानदार प्रस्तुति दी। उनके कुछ लोकप्रिय भजन थे “झुंझुनू वाली दादी ए बुलावा थाणे आज…””बड़े चाव सु दादी थारो झूलो एक घलायो जी…””मेहंदी राचन लागी हाथा में दादी के नाम की…”
पहले दिन शनिवार के कार्यक्रम को सफल बनाने में राजकुमार संघी, राजकुमार चंदुका, कैलाश सरायवाल, ललित सरायवाला, विजय मित्तल, राजेश गर्ग, बिमल गुप्ता, संदीप मित्तल आदि का विशेष योगदान रहा।
रविवार का कार्यक्रम
महोत्सव के दूसरे दिन, 2 नवंबर रविवार को पूजन प्रातः 8 बजे से होगा तथा संध्या 6 बजे से शहर के श्याम भक्तों द्वारा भव्य भजनों का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
