
गढ़वा : झारखंड के गढ़वा जिले से ऑनर किलिंग का एक अत्यंत संवेदनशील और दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। गढ़वा सदर थाना क्षेत्र के एक गांव में पिता की बेरहम पिटाई से एक 17 वर्षीय किशोरी की मौत हो गई। परिजनों ने इस हत्याकांड को छिपाने के लिए दिन ढलते ही आनन-फानन में शव को जलाना शुरू कर दिया, लेकिन पुलिस ने समय रहते जलती चिता से शव को उठा लिया। पुलिस ने मृतका के पिता और भाई को हिरासत में ले लिया है और मामले की गहन जाँच शुरू कर दी है।
बेरहम पिटाई बनी मौत का कारण
यह जघन्य घटना गुरुवार दोपहर की है, जब किशोरी को अपने पिता के गुस्से का शिकार होना पड़ा। परिजनों ने 17 वर्षीय किशोरी को एक युवक (प्रेमी) के साथ देख लिया। चरित्र पर संदेह होने के कारण परिवार के लोग आगबबूला हो उठे। परिजनों ने किशोरी की बेरहमी से पिटाई की। पिटाई इतनी गंभीर थी कि किशोरी की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। मौत सुनिश्चित होने के बाद, घटना को छुपाने के लिए परिजनों ने शव को चार घंटे तक एक कमरे में बंद रखा और रात होने का इंतजार किया।
जलती चिता से पुलिस ने उठाया शव
अपराध को छिपाने के लिए परिजनों ने तुरंत अंतिम संस्कार की तैयारी की। परिवारवालों ने गांव के कुछ लोगों की मदद से शव को गांव के पास स्थित बगही श्मशान घाट ले जाकर चिता पर रखकर अंतिम संस्कार शुरू कर दिया था। बताया जाता है कि शव पर आग भी लगा दी गई थी। इसी बीच, किसी ग्रामीण ने घटना की सूचना गढ़वा थाना पुलिस को दे दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत श्मशान घाट पहुंची। पुलिस के पहुंचने से पहले परिजन और अन्य ग्रामीण मौके से फरार हो गए, लेकिन पुलिस ने जल रही चिता से शव को निकालकर सुरक्षित कर लिया। यह दृश्य देखकर मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी भी स्तब्ध रह गए।
पिता और भाई हिरासत में, SDPO ने दिया सख्त बयान
पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए मृतका के पिता और भाई को हिरासत में ले लिया है। शुरुआती पूछताछ में आरोपी पिता ने कबूल किया कि बेटी का एक लड़के से प्रेम प्रसंग था और पिटाई के दौरान उसकी मौत हो गई।यह अत्यंत संवेदनशील और जघन्य मामला है। दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। हत्या, साक्ष्य नष्ट करने और षड्यंत्र रचने की धाराओं में मामला दर्ज किया जा रहा है।”पुलिस अब पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है और इसे ऑनर किलिंग मानकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई कर रही है।
