जमशेदपुर:पूर्वी सिंहभूम जिले में आपातकालीन परिस्थितियों में नागरिकों को बिना वक्त गंवाए त्वरित सहायता प्रदान करने के लिए संचालित ‘डायल-112’ सेवा अपनी दक्षता से नया मानदंड स्थापित कर रही है। जमशेदपुर पुलिस द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, बीते अगस्त माह में डायल-112 हेल्पलाइन पर कुल 1,746 शिकायतें और आपात कॉल्स प्राप्त हुए, जिनका पुलिस टीम ने शत-प्रतिशत त्वरित निष्पादन किया।एसएसपी डॉ. एहतेशाम वकारिब के नेतृत्व में जमशेदपुर पुलिस की इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम को और अधिक जवाबदेह व पेशेवर बनाया गया है।
8 मिनट 42 सेकेंड का ‘औसत रिस्पॉन्स टाइम’; दर्ज हुईं 17 प्राथमिकी
आपातकालीन सेवा की सक्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि कंट्रोल रूम में कॉल रिसीव होने से लेकर पुलिस वाहन के मौके पर पहुंचने की गति बेहद तेज रही है। अगस्त महीने के दौरान जिले में पुलिस का औसत रिस्पॉन्स टाइम मात्र 8 मिनट 42 सेकेंड दर्ज किया गया। शिकायतों की गंभीरता के आधार पर पुलिस टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 17 प्राथमिकी और2 यूडी (अस्वाभाविक मृत्यु) केस दर्ज किए।
दुर्घटना से लेकर घरेलू विवाद तक; एक कॉल पर उपलब्ध है मदद
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि नागरिक किसी भी तरह की आपात स्थिति में 112 नंबर का उपयोग कर सकते हैं।
किन स्थितियों में डायल करें 112
सड़क दुर्घटना या मेडिकल इमरजेंसी,चोरी, डकैती, मारपीट या आपराधिक वारदात, महिलाओं, बच्चों व वरिष्ठ नागरिकों से जुड़ी सुरक्षा संबंधी शिकायतें,पारिवारिक/घरेलू हिंसा या पड़ोसियों के बीच गंभीर विवाद जैसे मामलों में । सूचना मिलते ही आधुनिक जीपीएस तकनीक से लैस नजदीकी पैट्रोलिंग वाहन को सीधे पीड़ित के लोकेशन के लिए रवाना कर दिया जाता है।
“रिस्पॉन्स टाइम और कम करने की कवायद जारी” — एसएसपी डॉ. एहतेशाम वकारिब
जमशेदपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. एहतेशाम वकारिब ने बताया कि डायल-112 सेवा की कार्यप्रणाली की दैनिक एवं साप्ताहिक समीक्षा की जाती है। कॉल अटेंड करने से लेकर मौके पर की गई कार्रवाई तक की पूरी प्रक्रिया डिजिटल मॉनिटरिंग के तहत होती है। एसएसपी ने जिले के निवासियों से अपील की है कि किसी भी दुर्घटना या आपात स्थिति में घबराने के बजाय तुरंत ‘112’ नंबर डायल करें ताकि पुलिस कम से कम समय में पहुंचकर मदद मुहैया करा सके।
