
पोटका : पोटका थाना क्षेत्र के मानपुर पंचायत अंतर्गत सावनाडीह (माहलीसाई) में शनिवार सुबह बच्चा चोरी की अफवाह के कारण एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। कृषि विभाग के लिए डिजिटल क्रॉप सर्वे करने पहुंचे पिछली निवासी तपन मन्ना को ग्रामीणों ने संदिग्ध समझकर घेर लिया और उनके साथ मारपीट करने पर उतारू हो गए।
पूछताछ के दौरान बढ़ा तनाव
घटना शनिवार सुबह करीब 10 बजे की है। कृषि विभाग द्वारा नियुक्त सर्वेयर तपन मन्ना खेतों और फसलों का डिजिटल सर्वे करने माहलीसाई गांव पहुंचे थे। जब उन्होंने ग्रामीणों से पूछताछ शुरू की, तो बच्चा चोरी की अफवाहों से डरे हुए दर्जनों महिला, पुरुष और बच्चों ने उन्हें चारों ओर से घेर लिया।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, स्थिति इतनी तनावपूर्ण थी कि कुछ महिलाएं हाथों में हथियार (पारंपरिक औजार) लेकर बाहर निकल आईं।भीड़ के उग्र रूप और तीखे सवालों से सर्वेयर तपन मन्ना इतना डर गए कि वे ठीक से अपना नाम और परिचय भी नहीं दे पा रहे थे, जिससे ग्रामीणों का संदेह और गहरा गया।
मुखिया प्रतिनिधि और बुद्धिजीवियों की सूझबूझ
घटना की सूचना मिलते ही मानपुर पंचायत के मुखिया प्रतिनिधि तारणी सेन सरदार तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने उग्र ग्रामीणों को शांत कराया और युवक का परिचय पत्र व विभाग के कार्य की जानकारी दी। उनकी और कुछ प्रबुद्ध ग्रामीणों की मध्यस्थता के बाद तपन मन्ना को भीड़ के चंगुल से सुरक्षित मुक्त कराया गया।
समन्वय की कमी आई सामने
सर्वेयर तपन मन्ना ने बताया कि उन्होंने गांव में प्रवेश करने से पहले ग्राम प्रधान मंगोला मांझी को सूचित किया था। हालांकि, ग्राम प्रधान द्वारा ग्रामीणों को इसकी जानकारी समय पर नहीं दी गई थी, जिससे यह गलतफहमी पैदा हुई। मुखिया प्रतिनिधि ने सर्वेयर को सख्त निर्देश दिया कि भविष्य में किसी भी गांव में जाने से पहले मुखिया, ग्राम प्रधान और वार्ड सदस्य को अनिवार्य रूप से सूचित करें।
प्रशासन की अपील: अफवाहों पर न दें ध्यान
मुखिया प्रतिनिधि तारणी सेन सरदार ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों में न फंसें। उन्होंने कहा, “यदि कोई संदिग्ध व्यक्ति दिखता है, तो कानून हाथ में लेने के बजाय तुरंत स्थानीय प्रशासन या पुलिस को सूचित करें।”इस मौके पर ग्राम प्रधान मंगोला मांझी, पूर्व शिक्षक गगन मांझी, ग्राम प्रधान होंडा महली, कृषक मित्र वर्षा मुर्मू और रालेश बेसरा सहित कई ग्रामीण उपस्थित थे।
